17 वर्षीय नाबालिक से दुष्कर्म करने वाले आरोपी को 10 वर्ष का कठोर कारावास

Brajkishore Bhardwaj
Advertisements
Advertisements

17 वर्षीय नाबालिक से दुष्कर्म करने वाले आरोपी को 10 वर्ष का कठोर कारावास


बैतूल। जिला सत्र न्यायालय ने 17 वर्षीय अवयस्क बालिका का अपहरण कर उसके साथ बार-बार बलात्कार करने वाले आरोपी को 10 वर्ष का कठोर कारावास एवं 5 हजार रूपये जुर्माने से दंडित किया गया।

प्राप्त जानकारी के अनुसार माननीय विशेष न्यायाधीश, अनन्य विशेष न्यायालय, (पाॅक्सो एक्ट) 2012 बैतूल (म.प्र.), ने 17 वर्षीया अवयस्क बालिका का अपहरण कर उसके साथ बार-बार बलात्कार करने वाले आरोपी गणेश उईके निवासी थाना चिचोली को धारा 376(2)(एन) भादवि का अपराध का दोषी पाते हुए 10 वर्ष के कठोर कारावास एवं 2 हजार रुपए रूपयें के जुर्माने से, धारा 363 भादवि के अपराध का दोषी पाते हुए 4 वर्ष का कठोर कारावास एवं एक हजार रूपयें के जुर्माने से, धारा 366 भादवि के अपराध का दोषी पाते हुए 5 वर्ष का कठोर कारावास एवं एक हजार रूपयें के जुर्माने, धारा 506 भाग-दो भादवि के अपराध का दोषी पाते हुए 3 वर्ष का कठोर कारावास एवं एक हजार रूपयें के जुर्माने दंडित किया। प्रकरण में म.प्र. शासन की ओर से जिला अभियोजन अधिकारी, विशेष लोक अभियोजक सत्यप्रकाश वर्मा एवं वरिष्ठ सहायक जिला अभियोजन अधिकारी, विशेष लोक अभियोजक ओमप्रकाश सूर्यवंशी द्वारा पैरवी कार्य किया गया।

पीड़िता की माता ने कराई थी रिपोर्ट

प्रकरण की जानकारी देते हुए मिडिया सेल प्रभारी अमित कुमार राय ने बताया है कि पीड़िता की माता ने 15 जनवरी 2019 को आरक्षी केन्द्र कोतवाली मे इस आषय कि रिपोर्ट दर्ज करवायी कि एक दिन पूर्व उसकी 17 वर्षीय पुत्री घर में बिना बताये कही चली गई है। उन्हें ऐसी आशंका है कि अभियुक्त गणेश उनकी पुत्री को बहला फुसलाकर कहीं ले गया है। पीड़िता की माता की रिपोर्ट पर अभियुक्त गणेश के विरूद्ध प्रथम सूचना रिपोर्ट दर्ज कर प्रकरण का अनुसंधान आरंभ किया गया।

Advertisements

16 जनवरी 2019 को पीड़िता को दस्तयाब कर उसके कथन पुलिस द्वारा लेख किये गये, जिसमें उसके द्वारा बताया गया कि अभियुक्त गणेश उसका अपहरण कर ले गया था और अभियुक्त ने उसके साथ कई बार गलत काम किया है। विवेचना के दौरान पीड़िता का मेडिकल परीक्षण किया गया। अभियुक्त को गिरफ्तार किया गया। आवश्यक अनुसंधान के उपरांत आरोपी के विरूद्ध अभियोग पत्र माननीय न्यायालय मे प्रस्तुत किया गया। अभियोजन का मामला युक्तियुक्त संदेह से परे प्रमाणित पाकर माननीय न्यायालय द्वारा आरोपी को दंडित किया गया।

Advertisements
Advertisements
Share This Article
नमस्कार, मैं ब्रजकिशोर भारद्वाज पिछले 4 सालों से पत्रकारिता, Content Writing, Web Development की फिल्ड में कार्यरत हूँ। मैं Samacharokiduniya.in, Naukarifinder.com, Phonekadoctor.com पर हर तरह के कंटेंट लिखता हूँ।
Leave a comment

You can't copy content of this page, Sorry

Team Samacharokiduniya (:

Discover more from समाचारों की दुनिया

Subscribe now to keep reading and get access to the full archive.

Continue reading

Advertisements