हाल ही में कंपनी ने ऑनलाइन स्टेटस छुपाने, किसी को बिना बताए ग्रुप छोड़ने जैसे कई प्राइवेसी फीचर्स को पेश किया है, जिसके बाद वॉट्सऐप को यूज करना पहले के मुकाबले और भी ज्यादा बेहतर हो गया है. इन सभी फीचर्स के अलावा आपने एंड यू एंड एन्क्रिप्शन (End-to-End Encryption) जरूर सुना होगा. ये भी एक तरह का प्राइवेसी फीचर है, जो कि हर यूजर के लिए अनिवार्य है. अगर आप वॉट्सऐप का इस्तेमाल करते हैं तो यहां जानिए कि आखिर ये एंड-टू-एंड इन्क्रिप्शन क्या है और इसका इस्तेमाल करके यूजर्स को क्या फायदे और नुकसान होते हैं.
End-to-End Encryption फीचर क्या है
वॉट्सऐप का कहना है कि वॉट्सऐप पर होने वाली चैट encrypted यानी सुरक्षित रहती हैं. End-to-End Encryption का मतलब ये है कि चैट में भेजे गए मैसेज को सिर्फ भेजने वाला और प्राप्त करने वाला ही पढ़ सकता है. खुद वॉट्सऐप भी ये चैट नहीं देख सकता.
इसके अलावा End-to-End Encryption फीचर के जरिए वॉट्सऐप पर भेजे गए सभी तरह के फोटो, वीडियो, वॉयस मैसेज, डॉक्यूमेंट्स, स्टेटस अपडेट और कॉल सभी सुरक्षित रहते हैं. खुद वॉट्सऐप भी ये चैट नहीं देख सकता.

डिफॉल्ट होता है End-to-End Encryption फीचर
वॉट्सऐप का कहना है कि सभी मैसेज को एक लॉक के जरिए सिक्योर किया जाता है. सिर्फ वॉट्सऐप भेजने वाले और रिसीव करने वाले के पास ही मैसेज अनलॉक करने की स्पेशल की होती है. इसमें सबसे खास बात ये है कि ये फीचल डिफॉल्ट होता है तो यूजर्स को इसके लिए अलग से कोई सेटिंग नहीं करनी होती है.
