Cyberbullying: क्या इंटरनेट की दुनिया छीन रही है बचपन? इन बातों को अनदेखा तो नहीं कर रहे हैं आप- जरूर पढ़ें
आजकल इंटरनेट की दुनिया काफी बड़ी हो गई है. इस पर बच्चे से लेकर बड़े अपना कीमती वक्त बिताते हैं. लेकिन क्या आपको पता है इंटरनेट जितना मददगार है, उतना ही इन दिनों खतरनाक होता जा रहा है. बच्चें इंटरनेट पर बुलिंग का शिकार हो रहे हैं. ऐसे में अगर आपके घर, रिश्तेदार या दोस्ती में बच्चें हैं और वो इंटरनेट का इस्तेमाल करते हैं तो नीचे बताई गई टिप्स उनको जरूर दें और साथ ही आप भी फॉलों करें. आइए जानते हैं वो टिप्स. आजकल इंटरनेट की दुनिया में बच्चों को Cyberbullying का खतरा बढ़ रहा है। Unicef ने इस खतरे से बचने के लिए 11 टिप्स बताए हैं।
1. क्या Cyber यानी Internet माध्यमों का यूज करके ऑनलाइन धमकाने के प्रयास किए जा रहे हैं?
- हाँ, Cyberbullying ऑनलाइन धमकाने का एक तरीका है। इसमें अपमानजनक मैसेज, तस्वीरें, वीडियो या धमकी भरे पोस्ट शामिल हो सकते हैं।
2. किसी के साथ मजाक और धमकी के बीच का अंतर कैसे समझें?
- मजाक में हंसी-मज़ाक शामिल होता है, जबकि धमकी डराने और शर्मिंदा करने के लिए होती है।
3. साइबरबुलिंग बच्चों और युवाओं के मानसिक स्वास्थ्य को कैसे प्रभावित कर सकती है?
- साइबरबुलिंग बच्चों में चिंता, अवसाद, आत्मसम्मान में कमी और आत्महत्या के विचार पैदा कर सकती है।
4. अगर कोई Online धमकी दे रहा है तो उससे कैसे छुटकारा पाया जाए? ऐसे मामलों की रिपोर्टिंग क्यों जरूरी है?
- धमकी देने वाले व्यक्ति को ब्लॉक करें। सबूत इकट्ठा करें और रिपोर्ट करें। रिपोर्टिंग जरूरी है क्योंकि इससे अपराधी को पकड़ा जा सकता है और भविष्य में होने वाली घटनाओं को रोका जा सकता है।
Unicef की 11 टिप्स:
- बातचीत: बच्चों से खुलकर बातचीत करें और उन्हें Cyberbullying के बारे में समझाएं।
- पासवर्ड: बच्चों के सोशल मीडिया अकाउंट्स के पासवर्ड न जानें, लेकिन उन पर नज़र रखें।
- सेटिंग्स: सोशल मीडिया अकाउंट्स की Privacy Settings को मजबूत करें।
- सबूत: Cyberbullying का सबूत इकट्ठा करें, जैसे कि स्क्रीनशॉट या मैसेज।
- रिपोर्ट: Cyberbullying की रिपोर्ट संबंधित सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म या पुलिस को करें।
- बातचीत: बच्चे को समझाएं कि वे अकेले नहीं हैं और आप उनकी मदद करेंगे।
- समर्थन: बच्चे को मनोवैज्ञानिक और काउंसलर जैसी पेशेवरों की मदद दिलाएं।
- शिक्षा: बच्चों को Online Safety के बारे में शिक्षित करें।
- विश्वास: बच्चों का विश्वास हासिल करें ताकि वे आपको Cyberbullying के बारे में बता सकें।
- सकारात्मकता: बच्चों को सकारात्मक और आत्मविश्वासी बनने के लिए प्रोत्साहित करें।
- धैर्य: Cyberbullying से निपटने में धैर्य रखें।
राष्ट्रीय हेल्पलाइन:
Unicef के मुताबिक, Cyberbullying से बचने के लिए राष्ट्रीय हेल्पलाइन पर संपर्क कर मनोवैज्ञानिक और काउंसलर जैसे पेशेवरों की मदद भी मांगी जा सकती है।
अधिक जानकारी:

Unicef की ऑफिशियल साइट पर Cyberbullying से बचने के लिए कई सवालों के जवाब दिए गए हैं।

